Yadav Ji Ki Love Story: फिल्म यादव जी की लव स्टोरी अपने शीर्षक को लेकर उठे विवाद के बाद अब कानूनी राहत पा चुकी है। शीर्ष अदालत ने फिल्म पर प्रतिबंध लगाने और नाम बदलने की मांग वाली याचिका को खारिज कर दिया है।
विश्व यादव परिषद के प्रमुख की ओर से दायर याचिका में दावा किया गया था कि फिल्म का नाम यादव समुदाय को गलत तरीके से प्रस्तुत करता है, इसलिए इसे बदला जाना चाहिए या रिलीज पर रोक लगाई जानी चाहिए। हालांकि,सुप्रीम कोर्ट ऑफ़ इंडिया ने इस दलील को स्वीकार नहीं किया।
जस्टिस बीवी नागरत्ना और जस्टिस उज्जल भुयान की पीठ ने कहा कि फिल्म के शीर्षक में ऐसा कोई शब्द या संकेत नहीं है, जिससे किसी समुदाय की छवि धूमिल होती हो। अदालत ने स्पष्ट किया कि केवल आशंका के आधार पर अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता पर रोक नहीं लगाई जा सकती।
पीठ ने अपने आदेश में यह भी उल्लेख किया कि पूर्व में घूसखोर पंडित मामले में शीर्षक को लेकर अलग परिस्थितियां थीं, क्योंकि वहां शब्द का अर्थ सीधे तौर पर नकारात्मक संदर्भ देता था। जबकि मौजूदा मामले में ऐसा कोई तत्व नहीं पाया गया।
अदालत ने कहा कि संविधान के अनुच्छेद 19(2) के तहत प्रतिबंध तभी लगाया जा सकता है, जब स्पष्ट रूप से कानूनन आधार हो। इस फिल्म का शीर्षक किसी भी तरह से यादव समुदाय को नकारात्मक रूप में प्रस्तुत नहीं करता।
फिल्म 27 फरवरी को सिनेमाघरों में रिलीज होने वाली है।